रुक जाते वो कुछ और लम्हा
हो जाते वो हमारी खुशी में शरीक
लाखों ज़ख़्म हैं इस दिल पर
उनके आने से शायद कम हो जाती तकलीफ़
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तन्हाई में अब जिया नही जाता
ज़िंदगी का ज़ख़्म हमसे सिया नही जाता
आ जाए मौत बस हमें
उसकी जुदाई में जिया नही जाता
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नही मनाते हम खुशिया
इस दिन को भी गम में बिता देते
नही मिट जाती यह दुनिया
अगर मेरा नाम अपने होंठो पर ला देते
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क्यू हैं वो हमसे रुसवा
वो हमें वजा तो बता देते
मिटा देते अपने आप को
वो हमें सज़ा तो बता देते
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हैं तन्हा आज भी हम
आज भी उनका साथ नही मिला
किस्मत में नही हैं वो हमारी
क्यू करें किसी ओर से गीला
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दुश्मन समझते हैं वो मुझे अपना
करते हैं क्यू मुझे इतनी नफ़रत
मत करे वो मुझसे मोहब्बत
मिल जाए मौत उसके कदमो में
बस यही है मेरी हसरत
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दी नही खुशियाँ हमें भगवान ने
तेरे इकरार से शायद मिल जाएँ
पत्थर बन गया है दिल मेरा
तेरे प्यार से शायद पिघल जाए
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कब होगा उसके दिल में हमारे लिए प्यार
कब तक उसकी याद में तड़प्ते रहें गे
मिल जाए तेरा प्यार या हमें मौत आजाए
कब तक तन्हा हम रोते रहेंगे
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जिस पर हो चड़ा मोहब्बत का नशा
उस पर कोई नशा वार नही करता
करे जो किसी से सच्चे दिल से प्यार
उसकी मोहब्बत में वो मरने से इंकार नही करता
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करते हैं तुझे पाने की कोशिश
पर उस खुदा को मंज़ूर नही होता
लगते हैं झूठी उम्मीदों के मरहम
इन मरहमो से दिल का दर्द दूर नही होता
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तेरी याद इस दिल से जाती नही
यह आँखे किसी और को देखना भाती नही
बस गयी है तेरी तस्वीर दिल में इस तरह से
मेरे आँसूओं से भी यह तस्वीर जाती नही
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तुन्हे देख कर ये दिल फूलों सा खिलता है
आ जाती हो जब सामने ये दिल तेरे दिल से मिलता
तड़पते रहते हैं सारा दिन तेरे प्यार में
तुझे देख कर ही इन आँखों को सकून मिलता है
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अपनी ज़िंदगी में हमने गम बहुत सहे हैं
इन आँखों से आँसू बहुत बहे हैं
पड़ गये हैं आँसुओ के निशान चेहरे पर
जब से वो हमारी ज़िंदगी से गये हैं
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तुम क्या जानो प्यार क्या होता है
तुम क्या जानो ये दिल किसी की याद में कैसे रोता है
जाता है जब अपना कोई दिल से दूर
तुम क्या जानो उस जुदाई का दर्द क्या होता है
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